नमस्कार दोस्तों! विमानन प्रेमियों के लिए खुशखबरी है कि DGCA ने Indigo एयरलाइंस पर भारी भरकम ₹5 लाख का जुर्माना लगाया है। अगर आप जानना चाहते हैं कि DGCA ने इंडिगो पर ₹5 लाख का जुर्माना क्यों लगाया, तो आइए हम आपको इसके पीछे के कारणों और एयरलाइन की प्रतिक्रिया को सरल शब्दों में समझाते हैं। इस मामले में हर यात्री की सुरक्षा और कानून का अनुपालन दांव पर है।
मुख्य वजहें: क्या गड़बड़ हुई?
इंडिगो की फ्लाइट 6E-6142 (लखनऊ से दिल्ली) की नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) द्वारा गहन निगरानी की गई। रिपोर्ट में निम्नलिखित बातें कही गई हैं:
• सुरक्षा नियमों का उल्लंघन: लैंडिंग गियर में खराबी के बावजूद चालक दल ने अनुशंसित प्रक्रिया का पालन नहीं किया। उन्होंने आपातकालीन चेकलिस्ट का भी उल्लंघन किया।
• वापसी प्रक्रिया में चूक: मूल स्थान पर वापसी (RTO) प्रक्रिया के दौरान सुरक्षा नियमों का पालन नहीं किया गया।
• यात्रियों की सुरक्षा को खतरा: इससे यात्रियों की जान को खतरा हो सकता था, जिसे DGCA स्वीकार नहीं कर सकता।
DGCA ने जनवरी 2026 में इंडिगो को कारण बताओ नोटिस भेजा। सुरक्षा नियमों के उल्लंघन के लिए इंडिगो पर कुल ₹5 लाख का जुर्माना लगाया गया।
IndiGo का जवाब: क्या कहा एयरलाइन ने?
“यात्री सुरक्षा हमेशा से हमारी सर्वोच्च प्राथमिकता रही है,” इंडिगो ने डीजीसीए के फैसले को स्वीकार करते हुए कहा। यह एक तकनीकी समस्या थी जिसे तुरंत हल कर लिया गया। हम प्रशिक्षण में सुधार करेंगे और जुर्माना अदा करेंगे। एयरलाइन ने जोर दिया कि हालांकि कोई बड़ी घटना नहीं हुई, फिर भी वह भविष्य में ऐसी गलतियों को रोकने के लिए एहतियाती कदम उठा रही है।
क्या सीख मिलती है हमें?
यह कहानी दर्शाती है कि हवाई यात्रा में हुई एक छोटी सी गलती भी कितने गंभीर परिणाम दे सकती है। यात्रियों के रूप में, हमें भी सावधानी बरतनी चाहिए, अपने अधिकारों के प्रति जागरूक रहना चाहिए और शिकायत दर्ज करानी चाहिए। डीजीसीए जैसे संगठनों की बदौलत ही हमारा आसमान सुरक्षित है।





